बाल विवाह के खिलाफ एक सशक्त आवाज बनकर लोगों के बीच फैला रही है जागरूकता
झाड़ग्राम : नयाग्राम प्रखंड के दूरस्थ गांवों में 27 वर्षीय कल्याणी महतो बाल विवाह के खिलाफ एक सशक्त आवाज बनकर उभर रही हैं। कोलकाता सेवा केंद्र नामक स्वैच्छिक संगठन से जुड़ी कल्याणी अपने पेशेवर दायित्वों के साथ-साथ समाज में बाल विवाह के सामाजिक और कानूनी दुष्परिणामों को लेकर लगातार जागरूकता फैला रही हैं। वह गांव-गांव जाकर, कई बार स्वयं की पहल पर, जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करती हैं। छोटे समूहों में बैठकें, जागरूकता शिविर तथा विद्यार्थियों, अभिभावकों और स्थानीय महिलाओं के साथ संवाद के माध्यम से वह समझाती हैं कि कम उम्र में विवाह से किशोरियों के स्वास्थ्य, शिक्षा और भविष्य पर गंभीर प्रभाव पड़ता है। अपने कार्यक्रमों के दौरान वह ग्रामीणों को कानूनी प्रावधानों की जानकारी भी देती हैं। बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, 2006 के अनुसार 18 वर्ष से कम आयु की लड़की या 21 वर्ष से कम आयु के लड़के का विवाह दंडनीय अपराध है। कुछ मामलों में लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण (पॉकसो ) अधिनियम, 2012 के प्रावधान भी लागू हो सकते हैं, जो नाबालिगों को शोषण से कानूनी सुरक्षा प्रदान करते हैं।
कल्याणी परिवारों को बाल विवाह रोकने और लड़कियों की शिक्षा को बढ़ावा देने वाली सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए भी प्रेरित करती हैं। पश्चिम बंगाल सरकार की कन्याश्री योजना लड़कियों की पढ़ाई जारी रखने के लिए आर्थिक सहायता प्रदान करती है, जबकि भारत सरकार का ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ अभियान शिक्षा, लैंगिक समानता और सामाजिक जागरूकता को बढ़ावा देता है। इन प्रयासों के बावजूद ग्रामीण क्षेत्रों में समय-समय पर बाल विवाह की घटनाएं सामने आती रहती हैं। कल्याणी का मानना है कि केवल सरकारी योजनाएं और जागरूकता अभियान ही पर्याप्त नहीं हैं। उन्होंने कहा, “समाज के हर वर्ग की सक्रिय भागीदारी के बिना बाल विवाह मुक्त समाज का निर्माण संभव नहीं है।” उनके अनुसार परिवार, स्कूल, स्थानीय प्रशासन और सामाजिक संगठनों के समन्वित प्रयासों से ही स्थायी बदलाव लाया जा सकता है और झाड़ग्राम सहित पूरे राज्य तथा देश को बाल विवाह मुक्त बनाया जा सकता है।
कल्याणी महतो का कार्य यह दर्शाता है कि जमीनी स्तर पर समर्पित व्यक्तियों की पहल समाज में सकारात्मक परिवर्तन ला सकती है, हालांकि दीर्घकालिक सफलता के लिए निरंतर जागरूकता और सामूहिक जिम्मेदारी आवश्यक है।
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