Jamshrdpur : जमशेदपुर में नये एवं पुराने फ्लैट्स की रजिस्ट्री की दर एक समान होना अनुचित : सिंहभूम चैंबर

Spread the love

भू-राजस्व सचिव से शिकायत कार्रवाई एवं सुधार की मांग

जमशेदपुर : सिंहभूम चैम्बर ऑफ कॉमर्स ने जमशेदपुर में विभिन्न क्षेत्रों में फलैट्स की खरीद-बिक्री पर सरकार द्वारा निर्धारित सर्किल रेट्स का वास्तविक बाजार मूल्य से अधिक होने तथा नये एवं पुराने फ्लैट्स की रजिस्ट्री की दर एक समान को गैर वाजिब एवं अनुचित बताया। इस संबंध में चैंबर ने राज्य के भू राजस्व एवं निबंधन विभाग के सचिव चन्द्रशेखर को पत्र भेजकर इस ओर उनका ध्यानाकृष्ट कराया। चैंबर अध्यक्ष विजय आनंद मूनका ने कहा कि जमशेदपुर के अधिकांश क्षेत्रों में सरकार के द्वारा फ्लैटस की रजिस्ट्री के लिए निर्धारित मूल्य, वास्तविक बाजार मूल्य से अधिक है। इसके अलावा यह भी देखा गया है नये आवासीय फ्लैट्स की रजिस्ट्री हेतु जितनी मूल्य निर्धारित है, वही दर पुराने आवासीय फ्लैट्स की खरीद/बिक्री पर भी लग रही है।  जो कहीं से भी से न्यायोचित एवं तर्कसंगत नहीं है।

इसे भी पढ़ें : Nagpur केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने देश में आर्थिक असमानता पर चिंता जताई, कहा पैसा कुछ अमीरों के हाथों में केंद्रित हो रहा

Advertisement
चर्चा-सलाह के बाद दर निर्धारित करे सरकार

एक ही स्थान पर नये एवं पुराने फ्लैट्स की रजिस्ट्री का मूल्य वस्तुस्थिति की हिसाब से एक समान नहीं होना चाहिए। इससे आम लोगों में असमंजस की स्थिति भी पैदा होती है। उन्होंने कहा कि जमशेदपुर के लोगों का ऐसा मानना है कि सरकार वर्षों से मंत्रालय में ही बिना किसी से चर्चा किये, राय मशविरा और सुझाव लिये प्रतिवर्ष एक निश्चित दर की बढ़ोतरी जमीन एवं फलैट्स की खरीद/बिक्री पर कर देती है। बढ़ोतरी के दौरान यह भी तय नहीं किया गया जाता है कि पुराने फ्लैट की दर क्या होगी और नये फ्लैट की दर क्या होगी। इसलिये दोनों ही मामलों में एक समान रजिस्ट्री की राशि का भुगतान ग्राहकों को करना पड़ता है।

विशेषज्ञों से चर्चा के बाद हो मूल्य निर्धारत

उपाध्यक्ष अभिषेक अग्रवाल गोल्डी एवं पुनीत कांवटिया ने कहा कि चैम्बर का यह सुझाव है कि इसका मूल्य तय करने से पहले सभी क्षेत्रों/जिलों/शहर के प्रशासनिक अधिकारियों, जानकारों, विशेषज्ञों, संबंधित अधिवक्तागण, स्टेक होल्डरों से चर्चा के उपरांत इसकी रजिस्ट्री की मूल्य सरकार के द्वारा निर्धारित किया जाना चाहिए। चैम्बर के अन्य पदाधिकारीगण उपाध्यक्ष अनिल मोदी, अधिवक्ता राजीव अग्रववाल, सचिव भरत मकानी, अंशुल रिंगसिया, बिनोद शर्मा, सुरेश शर्मा लिपु और कोषाध्यक्ष सीए अनिल रिंगसिया ने भी इसपर भू-राजस्व एवं निबंधन विभाग तथा सरकार को इससे संबंधित लोगों से चर्चा कर एवं सुझाव लेकर मूल्य निर्धारित किये जाने का आग्रह किया है जिससे लोगों में भ्रम की स्थिति उत्पन्न न हो।

इसे भी पढ़ें : Jamshedpur : मायुमं स्टील सिटी शाखा का नि:शुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर आयोजित

Advertisement


Spread the love

Related Posts

Bahragora: बहरागोड़ा CHC में ANM और CHO को मिला ‘स्किल खेल’ का प्रशिक्षण

Spread the love

Spread the loveबहरागोड़ा:  बहरागोड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में शनिवार को टाटा स्टील फाउंडेशन (TSF) की ओर से सहायक नर्स मिडवाइफ (ANM) और सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी (CHO) के लिए एक दिवसीय…


Spread the love

Deoghar: देवघर में जनता दरबार – DDC ने सुनीं समस्याएं, दिए समाधान के निर्देश

Spread the love

Spread the loveदेवघर:  देवघर में शनिवार को उप विकास आयुक्त (डीडीसी) पीयूष सिन्हा ने जनता दरबार लगाया। इस दौरान उन्होंने शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों से आए लोगों की समस्याएं सुनीं…


Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *