
देवघर: झारखंड जननेता दिशोम गुरु शिबू सोरेन के निधन पर देवघर महाविद्यालय में शोक की लहर छा गई। बुधवार को महाविद्यालय के भौतिकी विभाग के प्रशाल में एक शोकसभा आयोजित कर गुरुजी को श्रद्धांजलि दी गई। इस अवसर पर महाविद्यालय परिवार ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर अपनी भावनाएं प्रकट कीं।
प्राचार्य डॉ. अखिलेश कुमार ने कहा कि गुरुजी का निधन झारखंड और देश के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उन्होंने कहा कि शिबू सोरेन न केवल एक राजनेता थे, बल्कि वे एक आंदोलनकारी विचारधारा और सामाजिक न्याय की जीवित मिसाल थे, जिन्होंने वर्षों के संघर्ष के बाद झारखंड राज्य की नींव रखी।
गणित विभाग के अध्यक्ष डॉ. एसएन सिंह ने उन्हें संघर्षशील महानायक बताया और कहा कि उनके बिना झारखंड की कल्पना अधूरी है। वहीं, दर्शनशास्त्र विभाग के अध्यक्ष डॉ. महेश कुमार सिंह ने गुरुजी को पीड़ितों और शोषितों की सशक्त आवाज करार दिया। उन्होंने कहा कि उनके विचार आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा देते रहेंगे।
शोकसभा में महाविद्यालय के सभी प्राध्यापक, शिक्षकेतर कर्मचारी और छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। यह जानकारी महाविद्यालय के मीडिया प्रभारी एवं हिंदी विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ. संजय कुमार ने साझा की।
इसे भी पढ़ें : Deoghar: देवघर में राजद और झामुमो ने स्वर्गीय दिशोम गुरु को अर्पित की श्रद्धांजलि