झाड़ग्राम : पश्चिम बंगाल के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के प्रधान सचिव नारायण स्वरूप निगम (भा.प्र.से.) शनिवार को एक दिवसीय दौरे पर झाड़ग्राम पहुंचे। अपने दौरे के दौरान उन्होंने जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति की समीक्षा करते हुए झाड़ग्राम मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल की विभिन्न इकाइयों, वार्डों, ओपीडी तथा अन्य चिकित्सा सुविधाओं का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने अस्पताल प्रशासन से चिकित्सा सेवाओं, दवाओं की उपलब्धता तथा मरीजों को दी जा रही सुविधाओं के बारे में विस्तृत जानकारी प्राप्त की। श्री निगम ने अस्पताल में मौजूद डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों को स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक प्रभावी व बेहतर बनाने के संबंध में आवश्यक निर्देश भी दिए।
इसके बाद उन्होंने शहर के बलरामडीह स्थित शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (UPHC) का भी निरीक्षण किया। यहां उन्होंने प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य कार्यक्रमों तथा टीकाकरण योजनाओं के क्रियान्वयन की स्थिति की समीक्षा की और स्वास्थ्य केंद्र में आने वाले मरीजों को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया।
प्रधान सचिव श्री निगम ने इस स्वास्थ्य केंद्र में कुछ नई पहल शुरू करने का सुझाव भी दिया। इनमें सबसे प्रमुख प्रस्ताव आयुष हर्बल गार्डन की स्थापना का है, जिससे औषधीय पौधों का संरक्षण किया जा सके और आयुष चिकित्सा पद्धति को बढ़ावा मिल सके। इसके साथ ही यहां आयुष हर्बल क्लिनिक शुरू करने का भी प्रस्ताव रखा गया, ताकि मरीजों को आयुर्वेद, योग और अन्य पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों की सुविधा मिल सके।
इसके अलावा स्वास्थ्य केंद्र में प्रशासनिक कार्यों और बैठकों के संचालन के लिए एक समुचित मीटिंग रूम की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया।
निरीक्षण के दौरान शिउली सिंघा, अध्यक्ष, झाड़ग्राम नगरपालिका ने प्रतिनिधिमंडल को पूरे स्वास्थ्य केंद्र का दौरा कराया तथा स्वास्थ्य सेवाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी। अधिकारियों ने अस्पताल में उपलब्ध सेवाओं और व्यवस्थाओं को देखकर संतोष व्यक्त किया।
इस अवसर पर उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल में डॉ स्वपन सोरेन (निदेशक, स्वास्थ्य सेवाएं), शरद द्विवेदी (निदेशक, चिकित्सा शिक्षा), मौमिता गोदारा बसु (सचिव, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग), डॉ भुवन चंद्र हांसदा (जिला मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी), डॉ शांतनु साहू (उप मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी-1), डॉ प्रशांत चौधरी ( उप मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी-2), डॉ सोमनाथ माइती (चिकित्सा अधिकारी) तथा मिहिर गांगुली (नोडल अधिकारी, राष्ट्रीय शहरी स्वास्थ्य मिशन) सहित शहरी स्थानीय निकाय के अधिकारी उपस्थित थे।