जमशेदपुर: एंटी करप्शन फाउंडेशन ऑफ़ वर्ल्ड के तत्वावधान में झारखंड प्रदेश महासचिव शशि आचार्य के नेतृत्व में आज जिला उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी को आवारा पशुओं की समस्या पर नियंत्रण के लिए पांच सूत्री मांग पत्र सौंपा गया।
मांग पत्र में बताया गया कि शहर की मुख्य सड़कों, चौक-चौराहों और गलियों में जंगली/आवारा कुत्तों, सांडों और अन्य मवेशियों की संख्या बढ़ती जा रही है। इससे दुर्घटनाओं और हमलों का खतरा लगातार बढ़ रहा है। हाल के दिनों में जंगली सांडों के हमलों में कई महिलाएँ गंभीर रूप से घायल हुई हैं, जबकि कुछ मामलों में मौतें भी हुई हैं। आवारा कुत्तों द्वारा काटने की घटनाएँ आम हो गई हैं, जिससे नागरिक खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।
संस्था की प्रमुख मांगें
- शहर की सड़कों पर आवारा पशुओं की आवाजाही पर तत्काल रोक।
- आवारा पशुओं के लिए स्थायी शेल्टर होम का शीघ्र निर्माण।
- जंगली/आवारा कुत्तों की नसबंदी और उन्हें नियंत्रित क्षेत्रों में स्थानांतरित करना।
- भीड़भाड़ वाले सार्वजनिक स्थलों से पशुओं को हटाना।
- दुर्घटनाओं और हमलों को रोकने के लिए प्रशासन द्वारा प्रभावी नियामक उपाय लागू करना।
प्रदेश महासचिव शशि आचार्य और पंचायत समिति सदस्य सुनील गुप्ता ने कहा कि यदि जनहित से जुड़ी इन मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई, तो संस्था के सदस्य आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। उन्होंने चेतावनी दी कि इसके लिए जिम्मेदारी संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों की होगी।
इस अवसर पर संस्था की महासचिव शशि आचार्या, जिला अध्यक्ष रविंद्र कौर, सरायकेला अध्यक्ष सुजाता सिंह, पूजा सिंह, पंचायत समिति सदस्य सुनील गुप्ता, उपमुखिया संतोष ठाकुर, वार्ड सदस्य पूजा कुमारी, संगीता सिंह, विद्या सिंह, सुषमा सिंह, अमृता कुलताज, पुष्पा सिंह, महावीर साहू और लक्खीकांत दास सहित कई अन्य लोग उपस्थित थे।














































