Jamshedpur : भागवत कथा में भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का दिव्य वर्णन, श्रद्धालु हुए भाव विभोर

  • गोलमुरी के टुइलाडुंगरी गाढ़ाबासा कम्युनिटी सेंटर में श्रीमद भागवत महापुराण कथा का पांचवां दिन संपन्न

जमशेदपुर : गोलमुरी स्थित टुइलाडुंगरी गाढ़ाबासा कम्युनिटी सेंटर में आयोजित श्रीमद भागवत महापुराण कथा के पांचवें दिन श्रद्धा और भक्ति का अनुपम संगम देखने को मिला। गुरुवार को व्यास पीठ से कथावाचक आचार्य पंडित कुमार स्वामी जी महाराज ने भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं, महारास लीला और उद्धव चरित्र का भावपूर्ण वर्णन किया। कथा के प्रारंभ में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ विधिवत पूजा-अर्चना संपन्न हुई, जिसमें यज्ञ पुरोहित ने अनुष्ठान कराया। आज की यजमान समिति की अध्यक्ष पुष्पा सिंह ने पूजा में भाग लिया। भक्त भगवान सेवा समिति द्वारा आयोजित इस धार्मिक आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे और कथा श्रवण कर पुण्य लाभ अर्जित किया।

इसे भी पढ़ें : Jamshedpur : साकची अग्रसेन भवन में श्याम प्रेमियों ने सांवरिया संग मनाया नव वर्ष 2026

श्रीमद भागवत महापुराण का आध्यात्मिक महत्व

कथावाचन के दौरान आचार्य कुमार स्वामी जी महाराज ने भगवान श्रीकृष्ण के जन्म के बाद की बाल लीलाओं का विस्तार से वर्णन किया। उन्होंने बताया कि भगवान कृष्ण को समाप्त करने के लिए कंस ने अपनी सबसे शक्तिशाली राक्षसी पूतना को भेजा, जिसने वेश बदलकर जहरीला दूध पिलाने का प्रयास किया, लेकिन भगवान श्रीकृष्ण ने उसका अंत कर दिया। इसके पश्चात कार्तिक माह में ब्रजवासियों द्वारा इंद्र पूजन की तैयारी का प्रसंग आया, जहां भगवान कृष्ण ने उन्हें गोवर्धन पर्वत की पूजा करने का उपदेश दिया। इस बात से क्रोधित होकर इंद्र ने मूसलधार वर्षा की, जिससे ब्रजवासी भयभीत हो गए।

इसे भी पढ़ें : Jamshedpur : गुरुवार से शुरू हुआ 2026, कदमा में साईं महोत्सव का भव्य आयोजन

भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं से जुड़ी कथाएं

आचार्य जी ने आगे गोवर्धन लीला का वर्णन करते हुए बताया कि भगवान श्रीकृष्ण ने अपनी कनिष्ठा अंगुली पर गोवर्धन पर्वत उठाकर पूरे ब्रजवासियों को उसके नीचे शरण दी। एक सप्ताह तक चली इस लीला के बाद इंद्र ने अपनी भूल स्वीकार कर वर्षा रोक दी, जिसके पश्चात ब्रज में भगवान श्रीकृष्ण और गोवर्धन महाराज के जयकारे गूंज उठे। कथा के अंतिम भाग में भगवान कृष्ण और उद्धव के प्रसंग का भी भावनात्मक वर्णन किया गया। कथा सुनकर श्रद्धालु भक्तिरस में डूब गए और पूरे पंडाल में भक्ति का वातावरण व्याप्त हो गया।

Spread the love

Related Posts

Jamshedpur : 13वां हस्तकरघा दिवस 7 को, वीवर्स डेवलपमेंट एंड रिसर्च आर्गेनाइजेशन कर रहा आयोजन,  राज्यपाल करेंगे उद्घाटन 

जमशेदपुर : वीवर्स डेवलपमेंट एंड रिसर्च आर्गेनाईजेशन के द्वारा 2014 में नई दिल्ली में पहली बार 7 अगस्त को हस्तकरघा दिवस मनाया गया था जिसके पश्चात् 2015 में प्रधानमंत्री नरेन्द्र…

Spread the love

Badajamda :  बड़ा जामदा क्षेत्र में टाटा स्टील के सहयोग व दयानंद एंग्लो वैदिक संस्था के संचालन में डीएवी स्कूल खोले जाने की मांग

बड़ाजामदा/ नोवामुंडी : मुख्य महाप्रबंधक टाटा स्टील नोवामुंडी से,नोआमुंडी प्रखंड स्थित बड़ा जामदा क्षेत्र में दयानंद एंग्लो वैदिक संस्था के संचालन से डीएवी स्कूल खोले जाने की मांग क्षेत्र के सामाजसेवी…

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Share this Page

Slide-In Box help you to share the page on the perfect time