झाड़ग्राम : ड्राइवरों की सुरक्षा, सम्मान और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी विभिन्न मांगों को लेकर बुधवार को ऑल बंगाल ड्राइवर महासंघ झाड़ग्राम जिला शाखा ने शहर में जुलूस निकाला। इसके बाद पथसभा आयोजित कर अपनी मांगों के समर्थन में आवाज बुलंद की गई। कार्यक्रम के बाद संगठन के प्रतिनिधियों ने 17 सूत्री मांगों वाला ज्ञापन जिलाधिकारी कार्यालय में सौंपा।
महासंघ के प्रमुख मांगों में ड्राइवरों को ‘द्वितीय सैनिक’ का दर्जा देने और 1 सितंबर को ड्राइवर दिवस के रूप में घोषित करने की मांग शामिल है। संगठन ने ड्राइवरों पर होने वाले हमले और कथित उत्पीड़न को रोकने के लिए विशेष कानून बनाने तथा सड़क दुर्घटना में चालक की मृत्यु होने पर उसके परिवार को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग भी की।
इसके अलावा 55 वर्ष की आयु के बाद ड्राइवरों के लिए मासिक पेंशन, ड्राइवर कल्याण बोर्ड का गठन तथा असहाय ड्राइवर परिवारों के लिए आवास की व्यवस्था करने की मांग उठाई गई। ड्राइवरों के बच्चों की शिक्षा के लिए विशेष प्रबंध और विभिन्न क्षेत्रों में वाहनों के लिए पार्किंग तथा चालकों के विश्राम की सुविधा उपलब्ध कराने की मांग भी ज्ञापन में रखी गई है।
महासंघ ने दुर्घटना में मृत चालक के पार्थिव शरीर को निःशुल्क उसके घर तक पहुंचाने तथा प्रत्येक वाहन में चालक के लिए जीवन अथवा स्वास्थ्य बीमा की व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग भी की है।
संगठन के प्रतिनिधियों के अनुसार, चालक रोजाना सड़क पर जोखिम उठाकर अपनी जिम्मेदारियां निभाते हैं और परिवहन व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसके बावजूद उनकी सुरक्षा, सामाजिक संरक्षण और सम्मान से जुड़े कई मुद्दे अब भी लंबित हैं। महासंघ ने प्रशासन से 17 सूत्री मांगों पर विचार कर आवश्यक कदम उठाने की अपील की है।
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