उत्तरकाशी: उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले में धराली गांव के पास बादल फटने की घटना ने भारी तबाही मचा दी है। तेज बारिश और मलबे के कारण कई रास्ते बंद हो गए हैं, पुल टूट चुके हैं और सैकड़ों लोग फंसे हुए हैं। मौसम के बिगड़ते हालात ने राहत कार्यों को चुनौतीपूर्ण बना दिया है।
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भाजपा सांसद अजय भट्ट ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह खुद हालात पर नजर बनाए हुए हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी तुरंत घटनास्थल के लिए रवाना हुए और प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण किया।
150 से ज्यादा लोगों को बचाया गया, सेना अलर्ट पर
अब तक 150 से ज्यादा लोगों को सुरक्षित निकाला जा चुका है। लेकिन भारी बारिश और टूटी सड़कों की वजह से बचाव अभियान में मुश्किलें आ रही हैं। धराली गांव में करीब 200 लोग अब भी फंसे हैं। सेना, आईटीबीपी, एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें लगातार राहत और बचाव कार्य में लगी हुई हैं।
मुख्यमंत्री धामी ने बताया कि 10 डीएसपी, 3 एसपी और लगभग 160 पुलिस अधिकारी डटे हुए हैं। सेना के हेलीकॉप्टर स्टैंडबाय पर हैं और जैसे ही मौसम साफ होगा, एयरलिफ्टिंग शुरू की जाएगी।
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रास्ते जाम, गंगोत्री हाईवे बाधित
गंगोत्री हाईवे पर मलबा जमा हो गया है, जिससे रेस्क्यू टीमों को घटनास्थल तक पहुंचने में परेशानी हो रही है। धराली में 25 फीट ऊंचे मलबे के बीच रास्ता बनाने की कोशिश हो रही है। वहीं, हर्षिल क्षेत्र में राहत कार्यों को तेज़ करने के लिए अतिरिक्त सेना की टीमें, खोजी कुत्ते, ड्रोन और खुदाई मशीनें भेजी गई हैं।
अब तक मलबे से चार शव निकाले जा चुके हैं, जिनमें एक 32 वर्षीय युवक की पहचान हुई है।
मोबाइल नेटवर्क ठप, राहत शिविर तैयार
धराली में मोबाइल नेटवर्क नहीं चल रहा, जिससे संपर्क साधने में दिक्कतें आ रही हैं। राहत शिविरों की व्यवस्था की जा रही है और डॉक्टरों की टीमें, खाने के पैकेट और जरूरी दवाएं तैयार रखी गई हैं। बिजली आपूर्ति बहाल करने का काम भी तेज़ी से जारी है।
एनडीआरएफ ने बताया कि तीन और टीमें रास्ते में हैं लेकिन खराब मौसम और अवरुद्ध सड़कें अभी भी चुनौती बनी हुई हैं।
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हरिद्वार में गंगा का जलस्तर खतरे के करीब
उत्तराखंड में लगातार बारिश का असर हरिद्वार में भी दिखने लगा है। गंगा नदी का जलस्तर चेतावनी स्तर के करीब पहुंच गया है। सिंचाई विभाग के इंजीनियर विकास त्यागी ने बताया कि हालांकि स्थिति फिलहाल नियंत्रण में है, लेकिन बारिश इसी तरह जारी रही तो खतरे की सीमा पार हो सकती है।
प्रशासन पूरी तरह सतर्क है और लगातार हालात की निगरानी कर रहा है।
तलाशी अभियान जारी, 11 जवान लापता
हर्षिल में सेना के 11 जवान लापता बताए जा रहे हैं। उनकी खोज के लिए अभियान चलाया जा रहा है। सुखीटॉप इलाके से किसी तरह की जनहानि की खबर नहीं है। ऋषिकेश से उत्तरकाशी जाने वाला हाईवे भी बाधित हो गया है।
पंतनगर और जोशीमठ में अतिरिक्त टीमें स्टैंडबाय पर रखी गई हैं ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत भेजा जा सके।
प्रधानमंत्री लगातार ले रहे अपडेट
मुख्यमंत्री धामी ने प्रधानमंत्री मोदी का धन्यवाद किया और बताया कि वह हर छोटी-बड़ी जानकारी खुद ले रहे हैं। देहरादून में राज्य आपदा संचालन केंद्र 24 घंटे काम कर रहा है और हर जरूरी मदद की व्यवस्था की जा रही है।
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