सरायकेला: नगर भवन सरायकेला के सभागार में उपायुक्त रविशंकर शुक्ला की उपस्थिति में राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत एक जिलास्तरीय आरोग्य दूत सम्मान समारोह आयोजित किया गया. इस कार्यक्रम में स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग और सेंटर फॉर कैटालाइजिंग चेंज द्वारा तकनीकी सहयोग प्रदान किया गया. कार्यक्रम का शुभारंभ उपायुक्त, सिविल सर्जन और अन्य अतिथियों द्वारा सामूहिक रूप से दीप प्रज्वलित करके किया गया.
सम्मानित किए गए 130 आरोग्य दूत और साथिया
कार्यक्रम में जिले के सभी 9 प्रखंडों से 5-5 उत्कृष्ट विद्यालयों के 90 आरोग्य दूतों को सम्मानित किया गया. इसके अलावा, स्वास्थ्य विभाग के 8 NHM प्रखंडों के तहत प्रत्येक प्रखंड से 5 पियर एडुकेटर्स, साथिया कुल 40 को भी सम्मानित किया गया. इन सभी को उनकी उत्कृष्टता और समाज में किए गए योगदान के लिए सम्मानित किया गया.
उपायुक्त का प्रेरणादायक संदेश
अपने संबोधन में उपायुक्त रविशंकर शुक्ला ने कहा, “आप सभी देश की युवा पीढ़ी का प्रतिनिधित्व करते हैं. समाज के किशोर-किशोरियों को स्वस्थ और जिम्मेदार नागरिक बनाने में आपका योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण है.” उन्होंने किशोरावस्था में पोषण, मानसिक स्वास्थ्य, बाल विवाह, ड्रग्स एब्यूज जैसे मुद्दों पर भी प्रकाश डाला और उपस्थित छात्र-छात्राओं और उनके परिजनों से इन विषयों पर बातचीत की.
उपायुक्त ने विशेष रूप से किशोरों के पोषण और कुपोषण के दुष्प्रभावों के बारे में जानकारी दी और मानसिक स्वास्थ्य के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा, “मानसिक रूप से स्वस्थ रहना हमें बेहतर निर्णय लेने में सक्षम बनाता है, जिससे समृद्ध समाज का निर्माण संभव है.”
क्विज प्रतियोगिता और पुरस्कार वितरण
कार्यक्रम के दौरान किशोरों के बीच एक क्विज प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें छात्रों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया. प्रतियोगिता के अंत में विजेताओं को पुरस्कार वितरित किए गए.
कार्यक्रम में महत्वपूर्ण योगदान
कार्यक्रम में स्वास्थ्य विभाग के डीपीएम निर्मल दास, डीपीसी अर्चना तिग्गा, एसटीटी-बीटीटी सहित शैलेश तिवारी, जॉली महापात्र, सांगी डोंगो, लक्ष्मी बोदरा और श्रवण कुमार की अहम भूमिका रही.
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