खड़गपुर: खड़गपुर मंडल रेल प्रशासन ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आदिवासी कुर्मी समाज के 20 सितंबर से प्रस्तावित रेल रोको आंदोलन पर चिंता जताई। कॉन्फ्रेंस की अगुवाई अपर मंडल रेल प्रबंधक (परिचालन) मनीषा गोयल ने की।
कुर्मी समाज ने रेलवे को ज्ञापन सौंपते हुए सात स्टेशनों – मिदनापुर, कलाईकुंडा, खेमासुली, नीमपुरा, गालूडीह, भंजपुर और बारीपदा – पर विरोध प्रदर्शन करने की मंशा जताई है।
मनीषा गोयल ने कहा कि यह आंदोलन गैर-रेल संबंधी मांगों को लेकर है। उन्होंने कुर्मी समाज से अपील की कि वे रेल परिचालन बाधित करने के बजाय संवैधानिक और लोकतांत्रिक तरीके अपनाएं। उन्होंने चेतावनी दी कि त्यौहारी सीजन में रेल रोकने से लाखों यात्रियों को परेशानी होगी और कोयला, खाद्यान्न, पेट्रोलियम जैसे जरूरी सामानों की आपूर्ति पर असर पड़ेगा।
सुरक्षा और निगरानी के उपाय
रेलवे ने आंदोलन से निपटने के लिए कई कदम उठाए हैं:
संवेदनशील स्टेशनों पर आरपीएफ और जीआरपी की अतिरिक्त तैनाती।
त्वरित प्रतिक्रिया दल (क्यूआरटी) की व्यवस्था।
जिला प्रशासन और पुलिस के साथ समन्वय केंद्र।
रेलवे परिसरों में गश्त और सोशल मीडिया पर सख्त निगरानी।
24×7 आपातकालीन नियंत्रण कक्ष सक्रिय।
जनजागरूकता अभियान के जरिए चेतावनी।
रेल प्रशासन ने साफ कहा कि शांतिपूर्ण विरोध का सम्मान है, लेकिन रेल सेवाओं में बाधा या संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई होगी।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक निशांत कुमार, वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त प्रकाश कुमार पांडा, वरिष्ठ मंडल इंजीनियर (समन्वय) अनूप पटेल, वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक (समन्वय) प्रभात प्रसाद और वरिष्ठ मंडल यांत्रिक इंजीनियर (ईएनएचएम) प्रदीप साहू भी शामिल रहे।
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