अंतरिक्ष यात्री Sunita Williams और Butch Wilmore की धरती पर वापसी का रास्ता साफ, इस दिन धरती पर रखेंगे कदम

नई दिल्ली: भारतीय मूल की अमेरिकी अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स और उनके साथी बुच विल्मोर की धरती पर वापसी की तारीख तय हो गई है. अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने घोषणा की कि ये दोनों और दो अन्य अंतरिक्ष यात्री मंगलवार शाम को पृथ्वी पर वापस लौटेंगे.

 

धरती पर वापसी का समय

नासा के अनुसार, सुनीता विलियम्स, बुच विल्मोर, अमेरिकी अंतरिक्ष यात्री निक हेग और रूसी अंतरिक्ष यात्री एलेक्जेंडर गोरबुनोव स्पेसएक्स के ड्रैगन क्राफ्ट यान से फ्लोरिडा के तट पर मंगलवार शाम करीब छह बजे धरती पर उतर सकते हैं. पहले इनकी वापसी बुधवार को होने की उम्मीद थी. स्पेसएक्स का ड्रैगन क्राफ्ट यान रविवार को चार अंतरिक्ष यात्रियों को लेकर अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) पहुंचा था.

 

अंतरिक्ष में लंबा समय और स्वास्थ्य की चुनौतियां

सुनीता विलियम्स और बुच विल्मोर बीते करीब नौ महीने से अंतरिक्ष में रहकर आईएसएस पर फंसे हुए हैं. दोनों जून 2024 में बोइंग के स्टारलाइनर यान से अंतरिक्ष पहुंचे थे, लेकिन यान में तकनीकी खराबी के कारण उनकी वापसी में देरी हुई.
अंतरिक्ष में लंबे समय तक रहने से शारीरिक समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं. शून्य गुरुत्वाकर्षण और तेज विकिरण से हड्डियों की कमजोरी, आंखों की रोशनी पर असर और शरीर के संतुलन में गड़बड़ी जैसी परेशानियां हो सकती हैं. विकिरण के कारण कैंसर और तंत्रिका तंत्र संबंधी समस्याएं भी उत्पन्न हो सकती हैं, और रोग प्रतिरोधक क्षमता में भी कमी आ सकती है.

 

एलन मस्क और डोनाल्ड ट्रंप का आभार

स्पेसएक्स के सीईओ एलन मस्क और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रति सुनीता विलियम्स और बुच विल्मोर ने आभार व्यक्त किया है. मस्क द्वारा एक्स पर पोस्ट किए गए एक वीडियो में सुनीता विलियम्स ने कहा, “हम जल्द ही वापस आ रहे हैं, इसलिए मेरी बिना योजनाओं के इंतजार न करें. हम जल्द ही पृथ्वी पर लौटेंगे.”

बुच विल्मोर ने कहा, “हम मस्क का बहुत सम्मान करते हैं और हमारे राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का भी. हम उनके द्वारा किए गए सभी कार्यों और मानव अंतरिक्ष उड़ान के लिए उनके योगदान की सराहना करते हैं. हम उनके आभारी हैं.”

 

अंतरिक्ष यात्रा की चुनौतियाँ और भविष्य के मिशन

यह घटना अंतरिक्ष यात्रियों की मानसिक और शारीरिक चुनौतियों को दर्शाती है, जो एक लंबी अंतरिक्ष यात्रा के दौरान सामना करती हैं. इन यात्रियों के लिए यह अनुभव न केवल शारीरिक परीक्षण है, बल्कि भविष्य में अंतरिक्ष यात्रा के लिए तैयारियों को और मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है.

इसे भी पढ़ें : New Delhi : सुनीता विलियम्स की 9 महीने बाद स्पेस से होने जा रही वापसी

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