अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत राज्य के 57 स्टेशनों का हो रहा पुनर्विकास, हावड़ा-खड़गपुर-चाकुलिया-टाटानगर रेलखंड पर चार लाइन विस्तार का कार्य जारी
जमशेदपुर : झारखंड में रेलवे के विकास को गति देने के लिए केंद्र सरकार ने रेल बजट आवंटन में उल्लेखनीय वृद्धि की है। रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव ने झारखंड में रेलवे के विकास का उल्लेख करते हुए कहा कि राज्य के लिए रेलवे बजट आवंटन ₹450 करोड़ से बढ़ाकर ₹7,500 करोड़ कर दिया गया है। यह पहले की तुलना में लगभग 16 गुना अधिक है। उन्होंने बताया कि झारखंड में करीब ₹75,000 करोड़ की विभिन्न रेलवे परियोजनाओं पर काम चल रहा है। इन परियोजनाओं से रेल अवसंरचना मजबूत होने के साथ ही यात्रियों को बेहतर सुविधाएं और कनेक्टिविटी मिलने की उम्मीद है।
रेल मंत्री ने बताया कि अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत झारखंड के 57 रेलवे स्टेशनों का पुनर्विकास किया जा रहा है। इनमें गोड्डा, गोविंदपुर रोड, लोहरदगा, मधुपुर और मुरी सहित कई स्टेशनों पर पुनर्विकास का काम पूरा हो चुका है। स्टेशन पुनर्विकास के तहत यात्रियों के लिए आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराने, स्टेशन परिसरों को बेहतर बनाने और रेल यात्रा को अधिक सुविधाजनक बनाने पर जोर दिया जा रहा है।
देशभर में 1,300 से अधिक स्टेशनों का पुनर्विकास
रेल मंत्री ने कहा कि अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत देशभर में रेलवे स्टेशनों को आधुनिक स्वरूप देने का काम जारी है। इस योजना के तहत 1,300 से अधिक स्टेशनों को पुनर्विकास के लिए चुना गया है। पश्चिम बंगाल में भी सांतरागाछी, जलपाईगुड़ी रोड, जयचंडी पहाड़, हल्दिया और कामाख्यागुड़ी सहित कई स्टेशनों का पुनर्विकास किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि रेलवे देश के मध्यम वर्ग और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की जरूरतों को ध्यान में रखकर विकास कार्य कर रहा है। रेलवे आम लोगों के लिए किफायती परिवहन का प्रमुख साधन है। ऐसे में स्टेशनों का आधुनिकीकरण, यात्री सुविधाओं में सुधार और बेहतर रेल कनेक्टिविटी सभी आय वर्गों के यात्रियों के लिए लाभकारी साबित होगी।
हावड़ा-टाटानगर रेलखंड पर चार लाइन विस्तार
रेलवे अवसंरचना के विस्तार की जानकारी देते हुए श्री वैष्णव ने कहा कि हावड़ा, खड़गपुर, चाकुलिया और टाटानगर को जोड़ने वाले रेलखंड पर चार लाइन विस्तार का कार्य किया जा रहा है। इस परियोजना से रेल परिचालन क्षमता बढ़ाने, ट्रेनों की आवाजाही को अधिक सुगम बनाने और भविष्य में बढ़ते यातायात के दबाव को संभालने में मदद मिलने की उम्मीद है। इस रेलखंड का झारखंड और पश्चिम बंगाल के बीच रेल संपर्क तथा यात्रियों की आवाजाही के लिहाज से विशेष महत्व है।
कोलकाता मेट्रो के सेक्शन पर ट्रायल रन शुरू
रेल मंत्री ने कोलकाता मेट्रो के विकास कार्यों की जानकारी देते हुए बताया कि बेलघाटा-आईटी सेंटर से जुड़ा 4.5 किलोमीटर लंबा सेक्शन पूरा हो चुका है और इस पर ट्रायल रन शुरू कर दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि यह सेक्शन ग्रीन लाइन को कनेक्टिविटी प्रदान करेगा। इससे कोलकाता में मेट्रो नेटवर्क के विस्तार और यात्रियों को बेहतर परिवहन सुविधा उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
पश्चिम बंगाल में रेलवे बजट आवंटन बढ़ने का उल्लेख
कार्यक्रम के दौरान पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री श्री सुवेंदु अधिकारी ने राज्य में रेलवे अवसंरचना परियोजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने पश्चिम बंगाल के लिए रेलवे बजट आवंटन में हुई वृद्धि का उल्लेख करते हुए कहा कि वर्ष 2009-2014 के दौरान राज्य को रेलवे के लिए औसतन ₹4,380 करोड़ प्रतिवर्ष आवंटित किए जाते थे। वहीं, वित्त वर्ष 2026-27 के लिए यह आवंटन बढ़कर ₹14,205 करोड़ हो गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि रेलवे बजट में बढ़ोतरी से राज्य में रेल अवसंरचना के विकास, नई परियोजनाओं को गति देने और कनेक्टिविटी में सुधार करने में सहायता मिलेगी। झारखंड और पश्चिम बंगाल में चल रही विभिन्न रेलवे परियोजनाओं से क्षेत्रीय संपर्क मजबूत होने के साथ आर्थिक गतिविधियों और यात्री सुविधाओं को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
There is no ads to display, Please add some


















































