- अधिकारियों पर षड्यंत्र रचने का आरोप
गुवा : टाटा स्टील के कर्मी नवल किशोर सिंह से कथित रूप से जबरन इस्तीफा लिए जाने का मामला अब न्यायिक जांच के दायरे में है। इस संबंध में नवल किशोर सिंह द्वारा दायर शिकायत वाद की सुनवाई कोर्ट में चल रही है। अपने आवेदन में उन्होंने बताया कि 22 जनवरी 2020 को कंपनी के कुछ अधिकारियों ने छल-प्रपंच और दबाव बनाकर उनसे इस्तीफा ले लिया। वादी का आरोप है कि यह पूरी घटना एक सोची-समझी साजिश का हिस्सा थी। शिकायत में तत्कालीन केएफ मैन्युफैक्चरिंग अधिकारी राजेश कुमार, कएचआर जी मिश्रा और एचआर हेड जेबा अहमद सहित अन्य अधिकारियों पर षड्यंत्र रचने का आरोप लगाया गया है। नवल किशोर सिंह का कहना है कि इस तरह कई कर्मचारियों से भी इस्तीफा लिया गया, जिससे मानसिक प्रताड़ना के चलते कुछ कर्मचारियों ने अपनी जान तक गंवा दी।
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परिवार को आघात, कोर्ट से न्याय की उम्मीद
वादी ने कोर्ट को बताया कि इस्तीफा दिए जाने के बाद उनके परिवार को गहरा आघात पहुंचा और वे लंबे समय तक डिप्रेशन में रहे। स्वास्थ्य में सुधार होने पर उन्होंने टाटा संस के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन, वाइस चेयरमैन नवल टाटा समेत शीर्ष प्रबंधन को आवेदन देकर न्याय की गुहार लगाई, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। आरोप है कि ड्यूटी के दौरान अधिकारियों ने उन्हें भ्रमित किया और दबाव डालते हुए कहा कि यदि वे इस्तीफा दे देते हैं तो कंपनी द्वारा हायर की गई एक कंसल्टेंट एजेंसी उन्हें दूसरी कंपनी में नौकरी दिलवा देगी। इसी आश्वासन के आधार पर उनसे इस्तीफा लिया गया। फिलहाल, यह मामला कोर्ट में विचाराधीन है और अगली सुनवाई का इंतजार किया जा रहा है।
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