जमशेदपुर: मानगो डिमना चौक स्थित एमजीएम मेडिकल कॉलेज परिसर के अस्पताल में विभागों द्वारा जरूरत से अधिक कमरों के उपयोग का मामला सामने आया है। जांच में पता चला है कि कुछ विभागों ने अपनी आवश्यकता से कई गुना अधिक कमरे अपने कब्जे में रखे हैं, जबकि कई अन्य विभागों को अब तक एक भी कमरा नहीं मिल सका है।
जांच टीम ने सौंपी रिपोर्ट
मामले की गंभीरता को देखते हुए कॉलेज के प्राचार्य डॉ. डी. हांसदा ने तत्परता दिखाते हुए कर्मचारियों की एक जांच टीम गठित की थी। टीम को यह जिम्मेदारी दी गई कि वे यह पता लगाएं कि किस विभाग के पास कितने कमरे हैं और कौन से विभाग बिना आवंटन के कमरों का उपयोग कर रहे हैं।
टीम ने अस्पताल के ग्राउंड, प्रथम और द्वितीय तल की जांच पूरी कर अपनी रिपोर्ट प्राचार्य एवं अधीक्षक को सौंप दी है।
20 कमरे कब्जे में
रिपोर्ट के अनुसार, करीब 20 कमरे ऐसे हैं जिन पर जरूरत से ज्यादा कब्जा किया गया है। इनमें प्रमुख रूप से मेडिसिन, हड्डी रोग (ऑर्थोपेडिक्स) और महिला एवं प्रसूति विभाग शामिल हैं।
वहीं दूसरी ओर, फिजियोथेरेपी जैसे नए केंद्रों को अब तक पर्याप्त जगह नहीं मिल पाई है, जिससे उनके कार्य प्रभावित हो रहे हैं।
प्राचार्य डॉ. हांसदा ने बताया कि रिपोर्ट के आधार पर अब कमरों का पुनः आवंटन किया जाएगा ताकि सभी विभागों को बराबर सुविधा मिल सके और अस्पताल की कार्यप्रणाली सुचारू रूप से चल सके।
उन्होंने कहा कि किसी भी विभाग को जरूरत से ज्यादा जगह रखने की अनुमति नहीं दी जाएगी। जल्द ही कमरों का संतुलित पुनर्वितरण किया जाएगा।


















































