गुवा: कोल्हान से सटे उड़ीसा के रॉक्सी और रेंगड़ा स्टेशन के बीच बीती रात करीब 12 बजे नक्सलियों ने रेल पटरी को उड़ाने की कोशिश की. हालांकि विस्फोट ज़्यादा बड़ा नहीं था, जिससे पटरी को गंभीर नुकसान नहीं हुआ. केवल एक सीमेंट स्लीपर टूट गया. नक्सलियों ने मौके पर बैनर लगाकर अपनी मौजूदगी का संदेश दिया. इस घटना के बाद रेलवे और प्रशासन ने तुरंत मौके पर जांच शुरू कर दी.

माओवादी संगठनों ने झारखंड, उड़ीसा, बिहार और छत्तीसगढ़ में 24 घंटे का भारत बंद घोषित किया था, जो रात 12 बजे से शुरू हुआ. इसी के बाद इस धमाके की घटना हुई. नक्सलियों ने जगह-जगह पोस्टर और पर्चे छोड़े हैं, जिसमें “पुलिसिया दमन के खिलाफ जन प्रतिरोध” की बात कही गई है.
घटना के बाद झारखंड-उड़ीसा सीमा पर भारी संख्या में सुरक्षाबलों को भेजा गया है. सारंडा के जंगलों में पुलिस और सीआरपीएफ की संयुक्त टीम सघन तलाशी अभियान चला रही है. रेल मार्ग पर हमला नक्सलियों की पुरानी रणनीति रही है. इससे पहले भी ट्रेनों को रोकने, स्टेशन जलाने और रेलवे इंजीनियरों के अपहरण की घटनाएं हो चुकी हैं. इस ताज़ा धमाके ने एक बार फिर साफ कर दिया है कि नक्सली अब भी पूरी तरह खत्म नहीं हुए हैं और समय-समय पर अपनी मौजूदगी जताते रहते हैं.
इसे भी पढ़ें : Deoghar : निशिकांत दुबे का झारखंड पुलिस पर बड़ा आरोप, सुरक्षा में चूक राष्ट्रपति की हत्या की साजिश थी
There is no ads to display, Please add some



















































