पटना: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के परिणामों के बाद अब नव सरकार के गठन की तैयारी जोर पकड़ रही है। राज्यपाल और संसदीय कार्य विभाग मिलकर इस प्रक्रिया को पूरी करेंगे।
चुनाव आयोग से सूची, संसदीय कार्य विभाग की अधिसूचना
चुनाव आयोग रविवार को नव निर्वाचित विधायकों की सूची राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान को सौंपेगा। राज्यपाल इसे संसदीय कार्य विभाग को देंगे।
संसदीय कार्य विभाग अधिसूचना जारी करेगा और 17वीं विधानसभा के विघटन की सूचना भी देगा। यह पूरी प्रक्रिया 22 नवंबर तक पूरी हो जाएगी। यदि विधानसभा 22 नवंबर तक विघटित नहीं होती, तो वह स्वतः भंग मानी जाएगी।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार देंगे इस्तीफा
मौजूदा मुख्यमंत्री कैबिनेट की बैठक के बाद राज्यपाल को अपना इस्तीफा देंगे। राज्यपाल उन्हें नयी सरकार बनने तक कार्यकारी मुख्यमंत्री बने रहने का अनुरोध करेंगे। इसके बाद एनडीए विधायक दल का नेता चुने जाने के बाद नीतीश कुमार नयी सरकार का दावा पेश करेंगे। राज्यपाल को सभी घटक दलों के नव निर्वाचित विधायकों की सूची दी जाएगी और शपथ ग्रहण के लिए आमंत्रण जारी होगा। शपथ ग्रहण के बाद मुख्यमंत्री तुरंत कैबिनेट बैठक करेंगे और 18वीं विधानसभा के पहले सत्र की शुरुआत का निर्णय लेंगे।
एनडीए के घटक दलों की बैठकें और नेता चयन
एनडीए के तीसरे बड़े घटक दल लोजपा आर ने शुरुआत कर दी है। शनिवार को गोविंदगंज से जीते राजू तिवारी को लोजपा आर के विधायक दल का नेता चुना गया। 18 और 19 नवंबर को एनडीए के सभी घटक दलों की बैठकें होंगी। इसके बाद एनडीए विधायक दल की संयुक्त बैठक होगी, जिसमें मुख्यमंत्री पद का नाम तय होगा। संभावना है कि 21 या 22 नवंबर को नई सरकार का शपथ ग्रहण होगा।
प्रोटेम स्पीकर और विधानसभा कार्यवाही
विधानसभा की कार्यवाही प्रोटेम स्पीकर के चयन से शुरू होगी। जदयू के हरिनारायण सिंह, जो 10वीं बार विधायक बने, को प्रोटेम स्पीकर बनाए जाने की संभावना है। प्रोटेम स्पीकर सभी नव निर्वाचित विधायकों को सदस्यता की शपथ दिलाएंगे। इसके बाद नए विधानसभा अध्यक्ष का चुनाव होगा। विधानसभा अध्यक्ष चुनने के बाद विश्वास मत की आवश्यकता नहीं होती, और उसके बाद राज्यपाल का धन्यवाद ज्ञापन होगा।
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