
जमशेदपुर: पूर्वी सिंहभूम जिले की सरकारी स्कूलों की 28 छात्राओं का दल इसरो (सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र, श्रीहरिकोटा) के तीन दिवसीय शैक्षणिक भ्रमण से लौटने के बाद रविवार को उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी से मिला। उपायुक्त आवास में आयोजित सहभोज कार्यक्रम में छात्राओं ने अपने रोमांचक और प्रेरणादायी अनुभव साझा किए।
छात्राओं ने बताया कि उनके लिए यह यात्रा अद्वितीय रही। पहली बार हवाई जहाज की यात्रा करना, अपने जिले और राज्य से बाहर जाना, एयरपोर्ट व फ्लाइट का अनुभव लेना और विज्ञान व तकनीक की दुनिया को करीब से देखना, सबकुछ नया और अविस्मरणीय था।
उन्होंने कहा कि इसरो का दौरा सबसे प्रेरणादायी रहा। वहां वैज्ञानिकों का काम, उपग्रह प्रक्षेपण की प्रक्रिया और अंतरिक्ष अनुसंधान की बारीकियों को जानकर गर्व महसूस हुआ।
यात्रा के दौरान छात्राओं ने महाबलीपुरम के ऐतिहासिक धरोहर, संग्रहालय और आर.एम.के. इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग का भ्रमण किया। वहाँ तकनीकी नवाचारों को समझकर उन्हें नई दिशा मिली। कोवालम मॉडल स्कूल में अनुशासन और सहयोग की भावना सीखने को मिली।
एम.ए. चिदम्बरम स्टेडियम और रेलवे म्यूजियम की यात्रा ने खेल और भारत के रेल इतिहास की अनोखी झलक दिखाई।
उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी ने कहा कि यह सिर्फ यात्रा नहीं, बल्कि छात्राओं के सपनों को नई दिशा देने का अवसर है। उन्होंने कहा कि ऐसे अनुभव आत्मविश्वास बढ़ाते हैं और यह विश्वास दिलाते हैं कि मेहनत से हर सपना पूरा हो सकता है।
उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले समय में इनमें से कई छात्राएं वैज्ञानिक और तकनीकी विशेषज्ञ बनकर जिले का नाम रोशन करेंगी।
छात्राओं ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और जिला प्रशासन का इस अवसर के लिए आभार जताया।
कार्यक्रम में उप विकास आयुक्त नागेंद्र पासवान, डीटीओ धनंजय, निवर्तमान कार्यपालक दंडाधिकारी मृत्युंजय कुमार, सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा नेहा संजना खलखो, डीईओ मनोज कुमार, डीएसई आशीष कुमार, शिक्षक और छात्राओं के दल के साथ गए अन्य सदस्य मौजूद रहे।
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