जमशेदपुर: एमजीएम अस्पताल में बुधवार को उपाधीक्षक डॉ. जुझार मांझी ने एंबुलेंस संचालन, टोकन सिस्टम और होमगार्ड जवानों की तैनाती को लेकर समीक्षा बैठक की। बैठक में कई महत्वपूर्ण खामियां सामने आईं, जिन पर तुरंत कार्रवाई का निर्देश दिया गया।
अस्पताल में कुल चार एंबुलेंस संचालित हो रही हैं, जबकि दो एंबुलेंस मरम्मत में हैं। इससे आपातकालीन मरीजों को ले जाने में दिक्कतें आ रही हैं।
मोक्ष वाहनों की स्थिति और भी चिंताजनक पाई गई — तीन में से केवल एक वाहन ही चालू है। दो वाहन बंद पड़े होने पर डॉ. मांझी ने नाराजगी जताई और इन्हें जल्द दुरुस्त करने का आदेश दिया।
बैठक में यह बात भी सामने आई कि कई होमगार्ड जवान समय पर ड्यूटी पर नहीं पहुंच रहे और बायोमेट्रिक उपस्थिति का पालन नहीं कर रहे हैं। इस पर उपाधीक्षक ने स्पष्ट निर्देश दिया कि हर जवान समय से पहुंचे और अनिवार्य रूप से बायोमेट्रिक से उपस्थिति दर्ज करें।
ओपीडी में चल रहे टोकन सिस्टम की समीक्षा में पाया गया कि कई विभागों में यह व्यवस्था प्रभावी रूप से लागू नहीं हुई है। इससे मरीजों को पंजीकरण और इलाज में अनावश्यक परेशानी झेलनी पड़ रही है। डॉ. मांझी ने सभी विभागों के सिस्टर-इंचार्ज को निर्देश दिया कि टोकन सिस्टम को तुरंत और पूरी तरह लागू किया जाए, ताकि मरीजों को क्रमबद्ध सेवा मिले। बैठक के अंत में उपाधीक्षक ने सभी विभागों को चेतावनी देते हुए कहा कि मरीजों की सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
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