रांची: पूर्वी सिंहभूम जिले के पटमदा और बोड़ाम प्रखंड से आए चिन्हित झारखंड आंदोलनकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने मंगलवार को झारखंड आंदोलनकारी चिन्हितीकरण आयोग के सदस्य भुवनेश्वर महतो से रांची स्थित कार्यालय में मुलाकात की. इस दौरान राज्य में आंदोलनकारियों को समुचित सम्मान और सुविधाएं देने की पुरजोर मांग की गई. प्रतिनिधिमंडल में शामिल मनबोध महतो ने उत्तराखंड सरकार द्वारा वहां के आंदोलनकारियों को दी जा रही सुविधाओं और सम्मान की जानकारी साझा की. उन्होंने झारखंड के आंदोलनकारियों को भी उसी तरह की मान्यता देने की मांग करते हुए 12 पृष्ठों का एक विस्तृत पत्र आयोग सदस्य को सौंपा.
आयोग ने मुख्यमंत्री से वार्ता का दिया आश्वासन
इस संबंध में आयोग सदस्य भुवनेश्वर महतो ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि उनकी मांगों को गंभीरता से लिया जाएगा और जल्द ही इस मुद्दे पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से सीधी बातचीत की जाएगी. उन्होंने यह भी कहा कि आयोग आंदोलनकारियों की सामाजिक और ऐतिहासिक भूमिका को नजरअंदाज नहीं कर सकता. मुलाकात के दौरान मुख्य रूप से गोपाल माहली, प्रणव रंजन महतो और सुनील कुमार महतो मौजूद थे. इन सभी ने आंदोलनकारी इतिहास को याद करते हुए कहा कि झारखंड के निर्माण में जिन लोगों ने योगदान दिया, उन्हें उपेक्षित नहीं किया जा सकता.
इसे भी पढ़ें : Patamda: किताबों से बाहर की क्लास, वीणापानी विद्या मंदिर का व्यावहारिक शिक्षा अभियान
There is no ads to display, Please add some



















































