Jharkhand: 8 साल बाद जेल से छूटे पूर्व झरिया विधायक संजीव सिंह, लेकिन नहीं जा सकेंगे धनबाद – जानिए क्या है वजह ?

रांची:  8 साल से जेल में बंद झरिया के पूर्व बीजेपी विधायक संजीव सिंह को सुप्रीम कोर्ट से सशर्त जमानत मिल गई। संजीव सिंह पर चचेरे भाई नीरज सिंह सहित चार लोगों की हत्या का आरोप है. सोमवार शाम उन्हें रांची के रिनपास (रांची इंस्टीट्यूट ऑफ न्यूरो-साइकेट्री एंड एलाइड साइंसेज) से डिस्चार्ज कर दिया गया। कोर्ट के आदेश के बाद कागजी प्रक्रिया पूरी कर जेल प्रशासन ने उन्हें न्यायिक हिरासत से मुक्त किया।

बदला हुआ रूप, कमजोर सेहत
रिहाई के समय संजीव सिंह लंबे बालों के नए लुक में नजर आए, लेकिन पहले से काफी दुबले थे। उन्हें बोलने और चलने में दिक्कत है। फिलहाल वे रांची में इलाज कराएंगे और कोर्ट में जब भी हाजिरी जरूरी होगी, पेश होंगे।

स्वास्थ्य कारणों से रांची में ही रहेंगे
सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें जमानत देते हुए फिलहाल धनबाद जाने पर रोक लगाई है। स्वास्थ्य कारणों से संजीव सिंह रांची में ही इलाज कराएंगे। उनकी पत्नी और झरिया की विधायक रागिनी सिंह, समर्थकों के साथ उन्हें लेने रिनपास पहुंचीं। लंबे बाल और नए लुक में दिखे संजीव सिंह पहले से काफी दुबले नजर आए और उन्हें चलने-बोलने में परेशानी थी।

जमानत की शर्तें और कानूनी स्थिति
अधिवक्ता मोहम्मद जावेद ने बताया कि जमानतदार के रूप में उनके मामा शिव शंकर सिंह और परिचित टूकोरी कुमार बने। मुकदमे की समाप्ति तक धनबाद में प्रवेश न करने का बेलबांड भी दाखिल किया गया। कोर्ट में जब भी उनकी उपस्थिति जरूरी होगी, उन्हें पेश किया जाएगा। माना जा रहा है कि नीरज हत्याकांड पर अदालत का फैसला जल्द आ सकता है।

रागिनी सिंह का बयान
संजीव सिंह की पत्नी व झरिया विधायक रागिनी सिंह ने कहा—”हमें न्यायालय पर पूरा भरोसा था। आज असत्य पर सत्य की जीत हुई है। जल्द ही संजीव सिंह बेकसूर साबित होंगे और बरी कर दिए जाएंगे।”

नीरज सिंह हत्याकांड: क्या है मामला?
नीरज सिंह धनबाद के बाहुबली नेता और पूर्व विधायक स्व. सूर्यदेव सिंह के भतीजे थे। 2011 में वे धनबाद से डिप्टी मेयर चुने गए और बाद में झरिया से राजनीति शुरू की। 21 मार्च 2017 को सरायढेला थाना क्षेत्र में स्टील गेट के पास AK-47 से ताबड़तोड़ फायरिंग में नीरज सिंह, उनके अंगरक्षक और दो साथियों की मौत हो गई। इस मामले में नीरज के भाई के बयान पर संजीव सिंह को मुख्य आरोपी बनाया गया। यह मामला कोयलांचल के दो बड़े राजनीतिक और कारोबारी घरानों के बीच लंबे समय से चले आ रहे वर्चस्व संघर्ष से जुड़ा माना जाता है।

राजनीतिक असर
2019 विधानसभा चुनाव में नीरज सिंह की पत्नी पूर्णिमा नीरज सिंह ने कांग्रेस टिकट पर संजीव सिंह की पत्नी रागिनी सिंह को हराकर झरिया से जीत दर्ज की। जबकि 2024 ने चुनाव में एक बार फिर नीरज सिंह की पत्नी पूर्णिमा और संजीव सिंह की पत्नी रागिनी सिंह (देवरानी – जेठानी) आमने सामने थीं, लेकिन इस बार रागिनी सिंह ने पासा पलटा और पूर्णिमा नीरज सिंह को शिकस्त दी.

गैंगवार से जुड़ा मामला
हत्या में शामिल शूटरों के तार उत्तर प्रदेश से जुड़े थे। पुलिस ने इस मामले में अमन सिंह को भी गिरफ्तार किया था, जिसकी हत्या 3 दिसंबर 2023 को धनबाद जेल में हो गई।

 

इसे भी पढ़ें : Deoghar : बैद्यनाथ मंदिर में स्थानीय लोगों के लिए पूजा करने का समय निर्धारित हो : निशिकांत


There is no ads to display, Please add some
Spread the love

Related Posts

Muri : मुरी की रिया पाठक ने जीता ‘मिस ईस्ट जोन’ का खिताब, क्षेत्र में खुशी की लहर

मुरी : रांची के कांके स्थित मीडोज बैंक्वेट में महाबली एंटरटेनमेंट की ओर से ‘मिस्टर एंड मिसेस ईस्ट जोन’ फैशन एवं शूटिंग इवेंट का आयोजन किया गया। इस फैशन शो…

Spread the love

Muri : मुरी से दो अज्ञात व्यक्ति ले उड़े बेलोनो कार, कार मालिक ने पुलिस से बरामदगी की लगायी गुहार

मुरी : मुरी स्टेशन परिसर स्थित टेम्पो स्टैंड के पास से बीती रात दो अज्ञात व्यक्ति धोखा देकर एक सफेद बेलोनो कार लेकर फरार हो गए। कार मालिक रोशन महतो…

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Share this Page

Slide-In Box help you to share the page on the perfect time