देवघर: मधुपुर उपकारा में रविवार को जेल अदालत सह विधिक जागरूकता शिविर का सफल आयोजन किया गया। इस अवसर पर अनुमंडलीय न्यायिक दंडाधिकारी सुचिता निधि तिग्गा, न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम एवं विधिक सेवा प्राधिकरण देवघर की पूर्णिमा तिर्की, अधिवक्ता ज्योति कर्म सील और केशव तिवारी मौजूद थे।
बंदियों की समस्याओं को समझने और समाधान के लिए प्रयास
शिविर में विशेष रूप से उन बंदियों को चिन्हित किया गया, जिनके परिवार वाले जमानत के लिए उपस्थिति नहीं देते या जो अधिवक्ता रखने में असमर्थ हैं। एसडीजेएम मधुपुर ने सभी बंदियों से व्यक्तिगत रूप से बात कर उनकी समस्याओं को जाना। जेल में रहन-सहन, भोजन, केस और परिवार से संबंधित मुद्दों पर बंदियों से संवाद किया गया।
जेल परिसर का निरीक्षण
एसडीजेएम ने पुस्तकालय पाठशाला, मुलाकाती कक्ष, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कक्ष एवं बंदियों के बैरक का भ्रमण भी किया। इस दौरान जेल के सुविधाओं और बंदियों की स्थिति का जायजा लिया गया।
नि:शुल्क विधिक सहायता से कई बंदियों को मिली राहत
विधिक सेवा प्राधिकरण देवघर के प्रयासों से मधुपुर उपकारा में कई बंदियों को नि:शुल्क अधिवक्ता उपलब्ध कराए गए हैं, जिनकी मदद से वे अपने मुकदमों में जमानत पर कारागार से मुक्त हुए हैं।
कार्यक्रम में प्रभारी कारा पाल शिशिर पांडेय भी उपस्थित थे और उन्होंने शिविर के सफल आयोजन में सहयोग प्रदान किया।
इसे भी पढ़ें : Deoghar: कांग्रेस का संविधान बचाओ रैली 21 मई को, प्रभारी के. राजू लेंगे भाग



















































