Jadugoda : जादूगोड़ा में महिलाओं ने जिम को शिफ्ट करने की मांग की

 

जादूगोड़ा :  आज का युग आधुनिकता और प्रगति की ओर बढ़ चुका है, लेकिन इसके बावजूद महिलाएँ अब भी अपने अधिकारों के लिए संघर्ष कर रही हैं। इसी कड़ी में, वर्षों से UCIL टाउनशिप, जादूगोड़ा की महिलाएँ एक बुनियादी सुविधा एक अच्छे, आधुनिक और सुसज्जित मल्टी-जिम समुदाय केंद्र (Community Center) के अंदर स्थानांतरित करने की माँग कर रही हैं। लेकिन दुर्भाग्यवश, इस जायज माँग को लगातार अनदेखा किया जा रहा है।

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प्रबंधन की संकीर्ण मानसिकता

टाउनशिप के मौजूदा जिम की हालत दयनीय है। दी गई तस्वीरों से साफ़ ज़ाहिर होता है कि वहाँ की मशीनें जर्जर अवस्था में हैं, और जिम अधिकतर समय बंद ही रहता है। महिलाओं के लिए न तो कोई उपयुक्त सुविधाएँ हैं, न कोई प्रशिक्षित महिला ट्रेनर, और न ही योग या ज़ुम्बा जैसी आधुनिक फिटनेस सुविधाएँ उपलब्ध हैं। यह स्थिति प्रबंधन की संकीर्ण मानसिकता को दर्शाती है, जो महिलाओं की फिटनेस और स्वास्थ्य को नज़रअंदाज़ कर रही है।

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सुरक्षा के नाम पर बहानेबाज़ी

स्थानीय प्रशासन और जिम के प्रभारियों की ओर से इस स्थानांतरण को रोकने के लिए ‘सुरक्षा’ को एक बड़ा मुद्दा बनाया जा रहा है। उनका तर्क है कि मल्टी-जिम आने से बाहरी लोग भी आ सकते हैं, जिससे सुरक्षा संबंधी समस्याएँ बढ़ सकती हैं। लेकिन हक़ीक़त यह है कि जिम रातभर खुला नहीं रहता, और फिटनेस जैसी सकारात्मक गतिविधि को सुरक्षा कारणों से रोकना तर्कसंगत नहीं है। इसके विपरीत, समुदाय केंद्र वर्षों से शराबियों और जुआरियों का अड्डा बना हुआ है, जो शाम के बाद महिलाओं की सुरक्षा के लिए असली खतरा हैं। अगर मल्टी-जिम यहाँ खुलता है, तो निश्चित रूप से ऐसी असामाजिक गतिविधियों पर भी रोक लगेगी। यही असली कारण हो सकता है कि कुछ लोग इस बदलाव के विरोध में हैं।

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फिटनेस से समाज को जोड़ने का प्रयास

जिम और खेलकूद ऐसी गतिविधियाँ हैं जो किसी भी जाति, धर्म या सामाजिक वर्ग के भेदभाव से परे होती हैं। यह समाज को शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ बनाए रखने का एक कारगर तरीका है। महिलाओं को इससे दूर रखना सिर्फ़ एक असमानता नहीं, बल्कि उनके स्वास्थ्य और कल्याण के अधिकारों का हनन भी है। अब समय आ गया है कि प्रबंधन इस विषय पर गंभीरता से विचार करे और महिलाओं की माँग को प्राथमिकता दे। एक आधुनिक मल्टी-जिम सिर्फ़ एक सुविधा नहीं, बल्कि महिलाओं के लिए समान अवसरों की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा।

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