जादूगोड़ा : जादूगोड़ा के सुप्रसिद्ध मां रंकणी कापड़ गादी थान में विवाद खुल कर सामने आ गया हैं। इधर क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ता रामेश्वर सरदार ने उपायुक्त को पत्र लिखकर पोटका प्रखंड क्षेत्र के रोहणी बेड़ा मौजा में रैयती व वन भूमि पर अवैध कब्जा कर बाहरी लोगों द्वारा अशांति फैलाने की आशंका जाहिर करते हुए माँ रंकनी कापड़ गादी थान की सुरक्षा की मांग की। जिले के उपायुक्त को लिखा पत्र में कहा है कि जादूगोड़ा का सुप्रसिद्ध मां रंकणी कापड़ गादी थान है जहां प्राचीन काल से भूमिज परम्परा के अनुसार सोहदा गादी के अंतर्गत पूजा-अर्चना की जाती है। जिसे लोग कापड गादी घाट के रूप में जानते है। यहां बाहरी लोग रोहणीबेड़ा मे बसे है जो मूलवासी नहीं है। ये बाहरी लोग जातीयता का रंग घोल कापड़ गादी घाट में जातीयता के नाम पर विवाद उत्पन्न कर रहे है व आपस में लड़ाना चाहते हैं। सभी बाहरी व्यक्ति धीरोल, चिमाई जुड़ी, रानीकुदर, वीरवाद, कूदापाल क्षेत्र के रहने वाले हैं. सभी लोग रैयत कोदा भूमिज के जमीन या वन भूमि पर अवैध दखल कर बसे हुए हैं। ऐसे लोगों से महौल खराब होने की आशंका है। जिले के उपायुक्त को लिखे पत्र में स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ता रामेश्वर सरदार ने कहा कि मां रंकनी मंदिर में अवैध रूप से रह रहे लोग ग्राम सभा पर आधिपत्य जमाना चाहते हैं, जबकि भूमिज लोग वर्षों से मां कापड़ा गादी घाट में पूजा करते आ रहे हैं। पत्र में बाहरी लोगों के हस्तक्षेप पर रोक लगाने की मांग की गई है ताकि मंदिर की सुरक्षा बनी रहे।
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