- डॉ पवन पांडेय बोले– 25 साल बाद मिला संवैधानिक स्वरूप, अब ग्राम सभा की बढ़ी जिम्मेदारी
जमशेदपुर : एनसीपी पार्टी द्वारा मानगो क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता मानगो नगर निगम क्षेत्र प्रभारी तन्मय सरकार ने की, जबकि संचालन महानगर अध्यक्ष सौरव ओझा ने किया। कार्यक्रम में एनसीपी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव सह प्रभारी (नगर निकाय) डॉ पवन पांडेय, प्रदेश उपाध्यक्ष अनवर हुसैन, जिला अध्यक्ष जितेन्द्र मिश्रा सहित कई वरिष्ठ पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। बैठक का उद्देश्य झारखंड में हाल के राजनीतिक व सामाजिक घटनाक्रमों, विशेषकर जनजातीय हितों से जुड़े मुद्दों पर विचार-विमर्श करना रहा।
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पेशा कानून से ग्राम सभा को मिली नई ताकत
अपने संबोधन में राष्ट्रीय महासचिव डॉ पवन पांडेय ने कहा कि झारखंड सरकार ने वर्षों से लंबित पड़े पेशा कानून को आखिरकार लागू कर दिया है, जो जनजाति समुदाय के संरक्षण और ग्राम सभा को संवैधानिक शक्ति प्रदान करने की दिशा में ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने कहा कि झारखंड राज्य गठन के बावजूद इसे संवैधानिक रूप देने में 25 वर्ष लग गए, लेकिन अब इसके साथ ग्राम सभा की जिम्मेदारी भी बढ़ गई है। ग्राम सभा को अपने अधिकारों का उपयोग कर जनजातीय समाज को रोजगार से जोड़ने और स्थानीय स्तर पर विकास व व्यापार को संतुलित रखने की दिशा में काम करना होगा। यदि विकास प्रक्रिया में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न होती है, तो उसकी निगरानी और समाधान की जिम्मेदारी भी ग्राम सभा की होगी।
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शहीदों के सम्मान को लेकर एनसीपी का अल्टीमेटम
डॉ पवन पांडेय ने आगे कहा कि जनजातीय समुदाय के हित में बने कानूनों के पीछे कई लोगों की शहादत जुड़ी है, जिनकी आज तक सही गणना नहीं हो सकी है। उन्होंने गुवा गोलीकांड का उल्लेख करते हुए कहा कि इस घटना में मारे गए लोगों की पहचान कर उन्हें शहीद का दर्जा दिया जाना चाहिए तथा उनके परिजनों को तत्काल सरकारी नौकरी दी जानी चाहिए। तभी सच्चे अर्थों में उन शहीदों को श्रद्धांजलि दी जा सकेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह जिम्मेदारी वर्तमान सरकार की है और यदि सरकार इसमें देरी करती है तो एनसीपी पार्टी झारखंड में आंदोलन करेगी। बैठक में अनवर हुसैन, जितेन्द्र मिश्रा, सौरव ओझा, तेजपाल सिंह टोनी, कन्हैया अग्रवाल, विनोद सिंह, मनोज मलहान और आशुतोष कुमार सिंह प्रमुख रूप से उपस्थित थे।